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भारत जोड़ो न्याय यात्रा से मूल निवासियों को हक दिलाएंगे राहुल

कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने शुक्रवार को आरोप लगाया कि भाजपा आदिवासियों को वनों तक सीमित रख कर उन्हें शिक्षा तथा अन्य अवसरों से वंचित करना चाहती है.

राहुल ने असम में अपनी ‘भारत जोड़ो न्याय यात्रा’ के दूसरे दिन पहली जनसभा को संबोधित करते हुए दावा किया कि कांग्रेस मूल निवासियों के तौर पर संसाधनों पर आदिवासियों के अधिकारों को मान्यता देती है. हम उन्हें इसका हक दिलाएंगे. उन्होंने कहा कि हम आपको आदिवासी कहते हैं, जिसका अर्थ है आदि काल से रहने वाले. भाजपा आपको वनवासी कहती है, जिसका अर्थ है वन में रहने वाले लोग. कांग्रेस नेता ने आरोप लगाया कि भाजपा आदिवासियों को वनों तक ही सीमित करना चाहती है और उनके बच्चों को स्कूल तथा विश्वविद्यालय जाकर शिक्षा ग्रहण करने, अंग्रेजी सीखने एवं कारोबार करने के अवसरों से वंचित करना चाहती है. राहुल ने आदिवासियों को संबोधित करते हुए कहा कि हम चाहते हैं कि जो आपका है उसे लौटाया जाना चाहिए.

विचारधारा की लड़ाई

राहुल ने कहा कि 2022-23 में कन्याकुमारी से कश्मीर तक की भारत जोड़ो यात्रा सफल रही थी और इससे ही लोगों ने पूर्व से पश्चिम तक इसी प्रकार की यात्रा निकालने की अपील की थी. उन्होंने कहा कि इसीलिए हमने मणिपुर से मुंबई तक यह यात्रा निकाली. यह भाजपा के साथ विचारधारा की लड़ाई है.

‘भाजपा ने मणिपुर में माहौल बिगाड़ा’

कांग्रेस नेता ने आरोप लगाया कि हमने मणिपुर से शुरुआत की. भाजपा ने मणिपुर का माहौल बिगाड़ा है. वहां गृहयुद्ध जैसे हालात हैं, लेकिन प्रधानमंत्री एक बार भी वहां नहीं गए. नगालैंड में प्रधानमंत्री ने नौ वर्ष पहले एक समझौते का वादा किया था, लेकिन पूरा नहीं किया.

कांग्रेस के वरिष्ठ नेता जयराम रमेश ने शुक्रवार को दावा किया कि पार्टी की पहली दक्षिण से उत्तर तक निकाली गई ‘भारत जोड़ो यात्रा’ के भाजपा शासित राज्यों से गुजरने के दौरान कहीं इतनी दिक्कतों का सामना नहीं करना पड़ा, जितना असम में ‘भारत जोड़ो न्याय यात्रा’ निकालने में करना पड़ रहा है. उन्होंने कहा, असम के सीएम लोगों की प्रतिक्रिया से घबराए हुए हैं.

नियम नहीं तोड़ा जयराम ने कहा कि यात्रा के दौरान कोई नियम नहीं तोड़ा गया.लोगों को यात्रा में शामिल होने से रोकने के प्रियास किए जा रहे हैं.

उत्तर लखीमपुर (असम). कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने कहा कि भाजपा और आरएसएस दिल्ली से पूरे देश पर शासन करने के विचार का पूर्ण समर्थन करते हैं, लेकिन राज्यों पर दिल्ली से शासन नहीं किया जाना चाहिए. गोगामुख में जनसभा को संबोधित करते हुए राहुल ने कहा कि उनकी पार्टी ऐसी किसी प्रणाली का समर्थन नहीं करती. उन्होंने कहा कि भाजपा और आरएसएस का मानना है कि हिन्दुस्तान पर एक भाषा और एक नेता के जरिये दिल्ली से शासन चलाया जाना चाहिए, लेकिन हम इससे असहमत हैं.

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